Santa Banta Joke
by
Nainam Joshi
सांता और बंता दो मज़ेदार दोस्त हैं जो हंसी-मज़ाक करते रहते हैं। वे एक मजेदार चुटकुला सुनाने की कोशिश करते हैं, लेकिन गलती से पंचलाइन बदल देते हैं, जिससे सबसे मजेदार चुटकुला बन जाता है।
Contents
35 words · 3 chapters · 2 characters
Chapter
01
मज़ेदार शुरुआत
Chapter 1 · Scene 1
सांता और बंता एक छोटे से गाँव में रहते थे जहां हर कोई उन्हें उनके मज़ेदार चुटकुलों के लिए जानता था। सांता हमेशा रंगीन पगड़ी पहनता था और बंता की मूंछें इतनी बड़ी थीं कि उनके चेहरे का आधा हिस्सा ढक लेती थीं। दोनों का एक ही मकसद था - सबको हंसाना!
Chapter 1 · Scene 2
एक दिन, सांता और बंता ने तय किया कि वे गाँव के चौराहे पर सबको एक नया चुटकुला सुनाएंगे। दोनों ने अपने-अपने चुटकुले तैयार किए और चौराहे की ओर निकल पड़े। रास्ते में, बंता ने सांता से पूछा, "सांता, तुम्हारा चुटकुला क्या है?" सांता ने हंसते हुए कहा, "अरे बंता, यह एक राज़ है। तुम सुनोगे तो हंसते-हंसते लोटपोट हो जाओगे।" बंता ने जवाब दिया, "ठीक है, मैं भी अपना चुटकुला नहीं बताऊंगा। बस इंतज़ार करो और देखो कि कौन ज्यादा मजेदार है।"
Chapter 1 · Scene 3
जब वे चौराहे पर पहुंचे, तो वहाँ पहले से ही लोग इकट्ठा हो चुके थे। बच्चे, बूढ़े और जवान, सब उत्सुकता से इंतज़ार कर रहे थे। सांता ने पहले शुरुआत की और कहा, "दोस्तों, सुनिए एक मजेदार चुटकुला। एक आदमी डॉक्टर के पास गया और बोला, 'डॉक्टर साहब, मुझे भूलने की बीमारी हो गई है। डॉक्टर ने कहा...'" सांता अचानक रुक गया और सोचा। उसने इधर-उधर देखा और फिर हंसने लगा। "ओह, मैंने पंचलाइन ही भूल गया!" भीड़ में सब हंसने लगे।
Chapter 1 · Scene 4
बंता ने मौके का फायदा उठाया और कहा, "अब मेरी बारी। एक आदमी टेलर के पास गया और बोला, 'मुझे एक कोट सिलवाना है।' टेलर ने कहा..." बंता भी वहीं रुक गया, उसकी आँखें बड़ी-बड़ी हो गईं। "अरे, मैंने भी पंचलाइन भूल गया!" अब तो सब हंसते-हंसते लोटपोट हो गए। सांता और बंता ने एक-दूसरे को देखा और जोर से हंसने लगे। दोनों ने सोचा कि शायद यही उनका सबसे मजेदार चुटकुला था - पंचलाइन भूल जाना!
Chapter 1 · Scene 5
सांता ने बंता से कहा, "शायद हमें हमारी याददाश्त पर काम करना चाहिए।" बंता ने सिर हिलाते हुए कहा, "हां, लेकिन देखो, हम सबको हंसाने में कामयाब रहे।" भीड़ धीरे-धीरे छंट गई, लेकिन सांता और बंता वही खड़े रह गए, एक-दूसरे को देखकर हंसते हुए। तभी सांता ने एक नई योजना बनाई, "बंता, क्यों ना हम कल एक नई कहानी की शुरुआत करें और इसे कभी न भूलें?" बंता ने उत्सुकता से कहा, "हां, चलो कल कोई नई मजेदार शुरुआत करते हैं!" अब बच्चों को इंतजार था कि अगली बार सांता और बंता क्या नया धमाल करेंगे।
Chapter
02
गलत पंचलाइन वाली गलती
सांता ने बंता से कहा, "आज हमें कोई गलती नहीं करनी है। हमें चुटकुला पूरा ध्यान से सुनाना है।"
बंता ने सिर हिलाते हुए कहा, "बिल्कुल सही! पंचलाइन भूलना तो दूर, हमें इसे सबसे मजेदार बनाना है!"
सभी दोस्त गोल घेरा बनाकर बैठ गए। सांता ने अपनी जेब से एक छोटी सी किताब निकाली, जिसमें उसने चुटकुला लिखा था। उसने आत्मविश्वास से कहा, "बच्चों, सुनिए! एक बार एक आदमी ने अपने दोस्त से पूछा, 'तुम्हारी सबसे बड़ी इच्छा क्या है?' दोस्त ने जवाब दिया..."
सांता ने किताब की तरफ देखा और मुस्कराया, "दोस्त ने कहा, 'मेरी इच्छा है कि मेरी सारी इच्छाएं पूरी हो जाएं!'"
सभी बच्चे हंस पड़े। फिर बंता ने अपनी बारी ली। उसने कहा, "अब मेरी बारी। एक बार एक आदमी ने डॉक्टर से पूछा, 'डॉक्टर साहब, मुझे हमेशा थकान महसूस होती है। क्या इलाज है?' डॉक्टर ने जवाब दिया..."
बंता ने भी अपनी किताब में देखा और बोला, "डॉक्टर ने कहा, 'सो जाओ!'"
बच्चे हंसते-हंसते लोटपोट हो गए। सांता और बंता ने एक-दूसरे को देखा और मुस्कराए। दोनों को खुशी हो रही थी कि उनका चुटकुला सफल रहा और कोई गलत पंचलाइन नहीं हुई।
सांता ने बंता से कहा, "देखा, हमने सबको हंसा दिया और कोई गलती नहीं की!"
बंता ने कहा, "हां, पर हमें और मजेदार चुटकुले तैयार करने होंगे।"
तभी एक बच्चा बोला, "सांता, बंता, अगली बार और भी मजेदार चुटकुला सुनाना!"
सांता ने मुस्कराते हुए कहा, "बिल्कुल! अगली बार हम एक खास खेल भी लाएंगे।"
बंता ने उत्सुकता से पूछा, "क्या खेल?"
सांता ने चुटकी लेते हुए कहा, "वो तो अगली बार ही पता चलेगा!"
सभी बच्चे उत्सुकता से अगले दिन का इंतजार करने लगे। सांता और बंता ने ठान लिया कि वे हर बार कुछ नया और मजेदार करेंगे। उनके दिमाग में एक नई योजना थी, जिसे वे अगले दिन सबके सामने लाने वाले थे। अब सभी को इंतजार था कि सांता और बंता अगले दिन कौन सा धमाल मचाएंगे!
Chapter
03
सबसे मजेदार चुटकुला
सांता ने बच्चों को इकट्ठा होते देखा और बोला, "दोस्तों, आज हम तुम्हें सबसे मजेदार चुटकुला सुनाने वाले हैं!"
बंता ने सहमति में सिर हिलाया और बोला, "हां, और इसका अंत ऐसा होगा कि तुम हंसते-हंसते थक जाओगे।"
सभी बच्चे उत्सुकता से तालियां बजाने लगे। सांता ने अपनी चुटकुले वाली किताब निकाली और बोला, "तो सुनो, एक बार एक मुर्गी और एक बत्तख सड़क पार कर रहे थे।"
बंता ने बीच में ही टोकते हुए कहा, "और तभी बत्तख ने पूछा, 'तुम क्यों सड़क पार कर रहे हो?'"
सभी बच्चे ध्यान से सुन रहे थे। सांता ने आगे कहा, "मुर्गी ने जवाब दिया, 'क्योंकि मैं दूसरी तरफ जाना चाहती हूँ।'"
बंता ने अपनी किताब खोली और बोला, "लेकिन असली मजेदार बात तो ये है कि बत्तख ने कहा, 'मुझे लगा तुम अंडे देने जा रही हो!'"
बच्चों ने यह सुनकर जोर से हंसना शुरू कर दिया। एक बच्चा बोला, "अरे, ये तो सबसे मजेदार चुटकुला था!"
सांता और बंता ने एक-दूसरे को देखा और हंस पड़े। बंता ने कहा, "देखा, हमने तो वाकई में सबको हंसा दिया!"
सांता ने मुस्कराते हुए कहा, "हां, और पता है, कल हम एक नया खेल भी लाएंगे।"
बंता ने चुटकी लेते हुए जोड़ा, "और वो खेल होगा 'हंसी का तूफान'!"
सभी बच्चे खुशी से झूम उठे। अब हर कोई अगले दिन का बेसब्री से इंतजार कर रहा था। सांता और बंता ने ठान लिया था कि वे हर बार कुछ नया और मजेदार करेंगे। उनके दिमाग में एक और मजेदार योजना थी, जिसे वे अगले दिन सबके सामने लाने वाले थे।
अब सभी बच्चे सोच रहे थे कि अगले दिन सांता और बंता कितनी मस्ती करेंगे और कौन से नए खेल लाएंगे। उनकी उत्सुकता बढ़ती जा रही थी, और वे सभी मुस्कुराते हुए घर लौटे।
Cast of Characters
Santa
Comic ReliefFunny looking
Banta
Comic ReliefFunny looking
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The End
Santa Banta Joke
by Nainam Joshi
35 words · 3 chapters · 2 characters